अनादि सरस्वती आगामी ९ जून से ११ जून तक थाईलैंड में अपना दिग्विजय व्याख्यान प्रस्तुत करेंगी
अनादि सरस्वती आगामी ९ जून से ११ जून तक थाईलैंड में अपना दिग्विजय व्याख्यान प्रस्तुत करेंगी


भारतीय अध्यात्म जगत की प्रमुख शख्सियत व् अनादि योग फाउंडेशन की अध्यक्षा एवं चिति  प्रतिष्ठान न्यास की उत्तराधिकारी एवं ललितेश्वर महादेव की पीठाधीश्वर  जगत विख्यात धर्मगुरु स्वामी धर्मप्रेमामंद सरस्वती जी की शिष्य एवं भारत की महान विदुषी साध्वी अनादि सरस्वती जी हिन्दू महासभा विष्णु मंन्दिर , विश्व हिन्दू परिषद् थाईलैंड , बीजेपी मित्र मंडल थाईलैंड , टाइगर क्लब , आयोजक शीरी पवन मिश्र, डाo कमलजीत सिंह, श्री दिग्विजय सिंह, इत्यादि के निमंत्रण पर आगामी ९ जून से ११ जून तक थाईलैंड के बैंकाक शहर में स्थित प्राचीन हिन्दू महासभा विष्णु मंदिर में श्री रामचरित मानस चिंतन पर अपना दिग्विजय व्याख्यान प्रस्तुत करेंगी. २००८ में सनातन धर्म की महान शंकराचार्य परंपरा में महानिर्वाणी अखाड़े के अंतर्गत संन्यास एवं दीक्षा प्राप्त इस साध्वी के आज देश विदेश में ढेरों प्रशसंसक हैं, जो उन्हें सुनने के लिए लालायित रहते हैं. इस क्रम में उपरोक्त कार्यक्रम में तकरीबन ४००० हज़ार अप्रवासी भारतियों के शामिल होने की उम्मीद   है. साथ ही थाईलैंड के राजपरिवार  व् स्थानीय भारतीय राजदूत सहित अग्रणी संस्थाओं व् विद्वान मनीषियों  द्वारा उन्हें अध्यात्म विभूति सम्मान से भी सम्मानित किया जायेगा,बेहद प्रभावी वक्त व् व्यवहार अनादि सरस्वती जब अपनी शीतलवाणी  से श्रोताओं में अध्यात्म एवं भगवत स्वरुप की चर्चा रुपी गंगा का प्रवाह शुरू करती है तो उपस्थित जब समूह अनासाहि भाव विहत होकर उनके शब्दों की गहराई में डूब जाते हैं. परंपरागत प्रवचन के साथ साथ इस विद्वान साध्वी ने युवा एवं आधुनिक सोच से प्रेरित आकर्षित समाज पर भी अपने दर्शन का विशेष प्रभाव छोड़ा है क्युकी उन्होंने सहेज रूप से परम्परागत सनातन धर्म की व्याख्या में आधुनिकता का समिश्रण अत्यंत ही विलक्षणता के साथ किया है धर्म के साथ साथ यह विदूषी वैज्ञानिक दृष्टिकोण से भी जिज्ञासुओं की जिज्ञासा को एक शानदार विराम की और ले जाती है. हिन्दुस्तांन की भाँती थाईलैंड में भी वो लोगों की शंका व् जिज्ञासा एवं प्रश्नो का समाधान एवं उत्तर सफल रूप तरीके से देकर सनातन धर्म की वैश्विक स्वीकारता में सफलता का एक और अध्याय जोड़ेंगी ऐसा हमारा विश्वास है. उनको विशेष रूप शुभकामनाएं

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