इस कंपनी की दवा के नुसकान से आदमी के ब्रेस्ट हो गए औरतों की तरह 
फार्मा कंपनी जॉनसन एंड जॉनसन का मानना है कि हमारे किसी भी प्रोडक्ट में ऐसे किसी प्रकार का कोई केमिकल का इस्तेमाल नहीं किया जाता है.


फार्मा कंपनी जॉनसन एंड जॉनसन का विवादों से पुराना नाता रहा है। कंपनी एक बार फिर विवादों में आ गई है। इस बार अमेरिका की कोर्ट फिलाडेल्फिया ने फार्मा कंपनी जॉनसन एंड जॉनसन पर 8 बिलियन डॉलर यानि (करीब 56,881 करोड़ रुपए) का जुर्माना लगाया है. उल्लेखनीय है कि याचिका दायर करने वाले शख्स के पक्ष में कोर्ट ने फैसला सुनाया है। शख्स ने आरोप लगाया था कि उसने कंपनी से दवाई ली थी, जिसके बाद उसके ब्रेस्ट उभर आये. कोर्ट द्वारा दिए गए समय में कंपनी आरोपों को झूठा साबित नहीं कर पाई. जिसके बाद कोर्ट ने याचिका दायर करने वाले शख्स के पक्ष में फैसला सुनाते हुए कम्पनी पर जुर्माना लगाया। 

कोर्ट ने माना कि कंपनी अवैध तरीके से बाजार में दवा बेच रही है और इससे लोगों को अधिक नुकसान हो रहा है।  कोर्ट रिकार्ड्स के मुताबिक मेरिलेंड के निवासी निकोलस मरे के ब्रेस्ट एकदम महिलाओं की तरह हो गए हैं। रिस्पेर्डल (Risperdal) दवा का इस्तेमाल करने वाले निकोलस मरे ने इस मामले को कोर्ट उठाया था.

फार्मा कंपनी जॉनसन एंड जॉनसन का मानना है कि हमारे किसी भी प्रोडक्ट में ऐसे किसी प्रकार का कोई केमिकल का इस्तेमाल नहीं किया जाता है, जिससे किसी का स्तन बड़े हो जाये। 

कंपनी का कहना है कि इस केस में हमारे सबूतों को सुनने की इजाजत नहीं दी गई. जुर्माना बहुत असम्मानजनक है. कंपनी को उम्मीद है कि ये फैसला पलट जाएगा. कंपनी अब इस केस को ऊपरी अदालत में ले जाने के लिए अर्जी दाखिल कर रही है.

आपको बता दें कि कुछ दिनों में कंपनी पर ऐसे कई गंभीर आरोप लगे हैं. जिससे कंपनी को अच्छा खासा नुसकान हुआ है. भारत में कंपनी की बेबी शैंपू क्वालिटी टेस्ट में फेल हो गई थी. यही नहीं टेस्ट के दौरान कंपनी के शैंपू में हानिकारक तत्व मिले थे. इससे पहले उसके बेबी पाउडर में कैंसर पैदा करने वाले तत्व भी मिले थे.


अधिक विदेश की खबरें