ओखी की आफ़त: गुजरात में अमित शाह ने रद्द की रैलियां
इस तूफान को देखते हुए बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह की मंगलवार को होने वाली रैलियां रद्द कर दी गई हैं.


नई दिल्ली : दक्षिण भारत में तबाही मचाने वाले चक्रवाती तूफान 'ओखी' की आफत से मुंबई जूझ रही है. इस तूफान के कारण सोमवार शाम से मुंबई के कई इलाकों में रुक-रुककर बारिश हो रही है. इस कारण मुंबई की रफ्तार भी थमी हुई दिख रही है, जहां सड़कों पर काफी ट्रैफिक कम है. मुंबई-पुणे एक्सप्रेस-वे पर पनवेल के पास बारिश के साथ जमकर ओले भी पड़े.
 
मौसम विभाग ने 'ओखी' को लेकर गुजरात और महाराष्ट्र में अलर्ट जारी किया है. ऐसे में एहतियात के तौर पर एनडीआरएफ की 6 टीमें रवाना की गई हैं. वहीं प्रशासन ने मंगलवार को मुंबई समेत कई जिलों के स्कूल-कॉलेजों को बंद रखने का ऐलान किया है.

इस तूफान को देखते हुए बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह की मंगलवार को होने वाली रैलियां रद्द कर दी गई हैं. दरअसल तूफान के कारण वहां बारिश और तेज हवाएं चल रही हैं, जिस कारण उस इलाके में हेलिकॉप्टर उतरना आसान नहीं है. इसी वजह से रैलियों को रद्द करना पड़ा.


भारत मौसम विभाग के मुताबिक, 'ओखी' अरब सागर में 690 किमी मुंबई के साउथ-साउथ वेस्ट में और गुजरात के सूरत से 870 किमी साउथ-साउथ वेस्ट में है. ऐसे में मौसम विभाग ने देश के कई हिस्सों में भारी बारिश की संभावना भी जताई है.

ऐसा बताया जा रहा है कि 5 दिसंबर को आधी रात के दौरान चक्रवात 'ओखी' सूरत के पास समुद्र तट को डीप डिप्रेशन के तौर पर पार करेगा. इसके मद्देनजर मौसम विभाग ने दक्षिण गुजरात और उत्तरी महाराष्ट्र के समुद्र तटीय इलाकों को अलर्ट जारी कर दिया है.

चक्रवात सेंटर के मुताबिक, उत्तर महाराष्ट्र और दक्षिण गुजरात के समुद्र तटीय इलाकों में 4 दिसंबर की रात से लेकर 6 दिसंबर की सुबह तक 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से लेकर 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार की तेज हवाएं चलेंगी. इस वजह से इन इलाकों में समंदर में ऊंची-ऊंची लहरें उठेंगी. मछुआरों को भी अगले 48 घंटे तक समुद्र से दूर रहने की सलाह दी गई है.

इसके पहले चक्रवात 'ओखी' से प्रभावित तटीय इलाकों और गहरे समुद्र में जारी राहत व बचाव कार्यों का कैबिनेट सचिव पीके सिन्हा की अध्यक्षता में राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन समिति (NCMC) ने निरीक्षण किया.

एक आधिकारिक प्रवक्ता ने सोमवार को बताया कि सिलसिलेवार बैठकों में एनसीएमसी ने तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक और लक्षद्वीप में हालात का जायजा लिया. वहां तटीय इलाकों में चक्रवात ने भारी तबाही मचाई है.

'ओखी' चक्रवात पर केंद्र की तरफ से आपदा का सामना करने वाले सभी राज्यों को मदद पहुंचा रहा है. इस मामले पर सोमवार को गृह मंत्रालय ने ट्वीट किया 'गृहमंत्री ने तमिलनाडु, केरल के मुख्यमंत्रियों समेत लक्षद्वीप के अधिकारियों से बात कर हालात का जायजा लिया है. केंद्र हर संभव मदद इन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को दे रहा है. राहत और बचाव कार्य पूरी मेहनत से चल रहा है.'


बता दें कि 'ओखी सूत्रों ने भाषा को बताया कि केरल में बारिश से संबंधित घटनाओं में 19 लोगों की मौत हो चुकी है. केरल तट के पास समुद्र में फंसे 600 से अधिक मछुआरों को बचा लिया गया है. नौसेना के पोत, हेलिकॉप्टर, तटरक्षक की पनडुब्बियां और वायुसेना के विमान बचाव और राहत कार्य में जुटे हैं, लापता करीब 100 मछुआरों की तलाश जारी है.


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