मेरठ : मेरठ में शादी से पहले युवती और उसके पिता की हत्या के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने मुख्य आरोपी सागर को राहत देने से इनकार कर दिया। अदालत ने कहा, "हे भगवान! तुमने अपनी गर्लफ्रेंड को मार दिया, उसके पिता की भी हत्या कर दी और उसका भाई भी घायल हो गया। तुम तो बहुत बड़े दुस्साहसी निकले। क्या तुमने अजय देवगन वाली बिहार पर बनी फिल्म नहीं देखी? तुम तो गर्लफ्रेंड किलर हो। यह किसी फिल्म की कहानी जैसा मामला है।"
यह मामला जून 2020 का है, जब सागर ने अपनी प्रेमिका और उसके पिता की हत्या कर दी थी। पुलिस के मुताबिक, सागर एकतरफा प्यार में पागल था और उसने युवती के घर में घुसकर अंधाधुंध फायरिंग की थी। इस हमले में युवती और उसके पिता की मौत हो गई, जबकि परिवार के अन्य सदस्य घायल हो गए थे।
सागर की जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि आरोपी के खिलाफ आरोप बहुत गंभीर हैं और उसे जमानत नहीं दी जा सकती। अदालत ने कहा कि सागर ने अपनी प्रेमिका और उसके पिता की हत्या कर दी है, जो एक बहुत बड़ा अपराध है।
सागर के वकील ने दलील दी कि आरोपी की उम्र घटना के समय केवल 18 वर्ष थी और वह पिछले छह वर्षों से जेल में है। लेकिन अदालत ने इन दलीलों को खारिज कर दिया और जमानत याचिका को मंजूर नहीं किया।