जेडीएस से बगावत, राहुल की मौजूदगी में कांग्रेस के साथ आए 7 विधायक
कर्नाटक विधानसभा चुनाव से पहले जेडीएस (जनता दल सेक्युलर) को बड़ा झटका लगा है।


बेंगलुरु : कर्नाटक विधानसभा चुनाव से पहले जेडीएस (जनता दल सेक्युलर) को बड़ा झटका लगा है। दरअसल, जेडीएस के सात विधायकों ने कांग्रेस का दामन थाम लिया। मैसूर में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की रैली से पहले इन सातों विधायकों ने कांग्रेस की सदस्यता ली। 

पार्टी और नेतृत्व को लेकर दो साल तक विरोध करने के बाद सात जेडीएस नेताओं ने शनिवार को इस्तीफा दे दिया था। इन नेताओं ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की उपस्थिति में रविवार को कांग्रेस जॉइन कर ली। बता दें कि जेडीएस से इस्तीफा देकर कांग्रेस का दामन थामने वाले नेताओं में एचडी कुमारस्वामी, पूर्व विधायक बीजेड जमीर अहमद खान, एन. चालूवराय स्वामी, भीमा नाइक, रमेश बंदीशिद्देगौड़ा, इकबाल अंसारी, श्रीनिवास मूर्ति, और एचसी बालाकृष्ण शामिल हैं। 

राहुल की रैली से पहले कांग्रेस का थामा दामन 
कर्नाटक में जनता दल सेक्युलर (जेडीएस) के सात बागी विधायकों ने कांग्रेस का दामन थाम लिया। वह कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की मैसूर में रैली से पहले पार्टी में शामिल हुए। इस दौरान कर्नाटक में सत्तारूढ़ कांग्रेस की सरकार में मुख्यमंत्री सिद्धारमैया मौजूद थे। 

क्रॉस वोटिंग के बाद दिया था इस्तीफा 
बता दें कि बीजेड जमीर अहमद खान, आर. अखंड श्रीनिवास मूर्ति, एन. चालूवराय स्वामी और भीम नाइक ने विधानसभा के अध्यक्ष केबी. कोलिवाड को उनके घर पर अपना इस्तीफा सौंपा था। इस्तीफा देने वाले सभी नेता पार्टी नेतृत्व, खासतौर पर जेडीएस की प्रदेश इकाई के प्रमुख एच.डी. कुमार स्वामी के खिलाफ मुखर रहे हैं। दरअसल, इन विधायकों ने 23 मार्च को राज्यसभा चुनावों में कांग्रेस के प्रत्याशियों के पक्ष में क्रॉस वोटिंग की थी। 

'पार्टी में हावी हो गया है एक व्यक्ति' 
कोलीवाड ने मीडिया से बातचीत में कहा था कि उन्होंने क्रम में होने की वजह से इस्तीफे स्वीकार कर लिए। बीजेड जमीर अहमद खान ने इस्तीफे के बाद कहा कि उन्होंने जेडीएस छोड़ने का फैसला किया क्योंकि पार्टी पर एक व्यक्ति हावी हो गया है। यही नहीं, उन्होंने यह भी आरोप लगाया, 'एचडी कुमारस्वामी किसी की नहीं सुनते हैं। वह अपने पिता एवं पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा और बड़े भाई एचडी रेवन्ना से विचार विमर्श की जरूरत नहीं समझते हैं। अब सोचिए क्या वह हमारी सुनेंगे।


अधिक देश की खबरें